टिहरी गढ़वाल: बरसात के समय में पहाड़ों में अक्सर ही चीड़ के पेड़ अचानक गिर जाते हैं, इन पेड़ों में वज्रपात होने की संभावनाएं भी ज्यादा होती हैं। इसलिए बारिश के समय चीड़ के पेड़ों से जितना हो सके दूर रहना चाहिए। टिहरी गढ़वाल जिले के घनसाली तहसील क्षेत्र में आज एक चीड़ के पेड़ की चपेट में आने दो विद्यार्थियों की दर्दनाक मौत हो गई।
Pine tree getting deadly in the rain in Uttarakhand
जानकारी के अनुसार आज शनिवार 12 जुलाई को टिहरी गढ़वाल जिले के घनसाली तहसील क्षेत्र में भीषण हादसा हो गया। इस हादसे में स्कूल से आते हुए दो छात्रों की दर्दनाक मौत हो गई। बताया जा रहा है कि स्कूल की छुटी के बाद जब छात्र अपने घर के लिए लौट रहे थे, उसी दौरान पहाड़ी वाले पैदल मार्ग पर तेज बारिश और तूफान के बीच अचानक ही एक चीड़ का बड़ा पेड़ उनके ऊपर गिर गया। पेड़ की चपेट में आने से एक छात्र और एक छात्रा की मौत हो गई।
दोनों मासूमों की मौके पर ही दर्दनाक मौत
इस हादसे के दौरान अन्य छात्र-छात्राओं में चीख पुकार मच गई, छात्रों ने किसी तरह चिल्लाकर स्थानीय ग्रामीणों को मामले की सूचना दी। सूचना मिलते ही ग्रामीण तत्काल ही मौके पर पहुंच गए। ग्रामीणों ने इस हादसे की जानकारी प्रशासन को दी। जिसके बाद स्थानीय थाना पुलिस और एसडीआरएफ टीम भी मौके पर पहुंची। रेस्क्यू टीम ने किसी तरह दोनों छात्र-छात्रा को पेड़ के नीचे से निकाला, लेकिन तब तक दोनों की मौत हो चुकी थी। मौके पर मौजूद पुलिस टीम ने शवों का पंचनामा दर्ज कर उन्हें पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। अस्पताल में पोस्टमॉर्टम की कार्रवाई जारी है।
मृतक छात्र-छात्रा की पहचान
नेल गांव के पूर्व प्रधान दुर्गा प्रसाद नौटियाल ने बताया कि मृतक छात्रों में एक 16 वर्षीय आरभ बिष्ट, पुत्र दरमियान सिंह था , जो कि कक्षा 10वीं से पढ़ता था। वहीं दूसरी कक्षा 9वीं में पढ़ने वाली 14 साल की मानसी पुत्री ईश्वर सिंह थी। ये दोनों विद्यार्थी राजकीय इंटर कॉलेज घुमेटीधार में पढ़ते थे। मृतक आरभ बिष्ट दो भाइयों में बड़ा भाई था और मानसी तीन बहन और एक भाई में तीसरे नंबर की थी। इस घटना के बाद दोनों छात्रों के परिवार में शौक का माहौल छाया हुआ है।