हल्द्वानी: पुलिस-प्रशासन की टीम ने सत्यापन अभियान के दौरान हल्द्वानी में कई ऐसे परिवारों का पता लगाया है। जिन परिवारों ने रेलवे की जमीन पर अवैध कब्जा कर रखा है और साथ ही यहां के अवैध दस्तावेज बनाकर सरकारी सुविधाओं का लाभ भी ले रहे हैं। प्रशासन ने इस अतिक्रमण के मामले में जांच शुरू कर दी है।
Nepali families illegally occupy railway land
सिटी मजिस्ट्रेट गोपाल चौहान ने इस मामले की जानकारी देते हुए कहा कि रेलवे और जिलाधिकारी के निर्देश पर हल्द्वानी के बनभूलपुरा क्षेत्र में रेलवे लाइन के किनारे अतिक्रमण हटाने के लिए सत्यापन कार्रवाई चल रही थी। इस दौरान बनभूलपुरा के निकट किदवई नगर क्षेत्र में सर्वे टीम की संज्ञान में नेपाली मूल के सात ऐसे परिवार आए, जिन परिवारों के सभी सदस्यों ने अवैध तरीकों से भारतीय दस्तावेज बनाए हैं। इन लोगों ने रेलवे की सरकारी भूमि पर अवैध रूप से कब्जा किया हुआ है। इसके अलावा ये लोग भारतीय दस्तावेज बनाकर भारत और उत्तराखंड सरकार की सभी योजनाओं का लाभ भी ले रहे हैं।
बिजली की चोरी भी कर रहे थे ये परिवार
जिला प्रशासन की टीम ने इन लोगों के पास से उत्तराखंड का राशन कार्ड, भारतीय वोटर कार्ड, आयुष्मान कार्ड और आधार कार्ड बरामद किए हैं। सरकारी जमीनों पर कब्जा करने के अलावा ये परिवार बिजली की चोरी भी कर रहे थे। इस कारण विद्युत विभाग की टीम को भी मौके पर बुलाया गया है। प्रशासन की टीम रेलवे की भूमि और अतिक्रमण की पहचान के लिए सरकारी अभिलेखों जैसे खसरा, नक्शा और सीमांकन के दस्तावेजों की समीक्षा कर रही है। इसी आधार पर भूमि की पहचान कर अतिक्रमण की स्थिति का मूल्यांकन किया जा रहा है। इसके बाद अतिक्रमण से संबंधित जानकारी जैसे कब्जाधारी का नाम, कब्जे का प्रकार, उपयोग में लाए गए क्षेत्रफल आदि की एक प्रारंभिक सूची में दर्ज की गई है।
जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ होगी सख्त कार्रवाई
रेलवे और जिला प्रशासन की एक संयुक्त टीम अतिक्रमण के मामले में कार्यरत है। इस टीम के द्वारा रेलवे की भूमि पर अतिक्रमण करने वालों की रिपोर्ट तैयार कर जिला अधिकारी को भेजी जाएगी। जिला अधिकारी को रिपोर्ट भेजने के बाद मामले में आगे की कार्रवाई की योजना बनाई जाएगी। फिलहाल ये जांच की जा रही है कि नेपाली नागरिकों ने भारत और उत्तराखंड के दस्तावेज कैसे बनवाए। जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।