उत्तराखंड रुद्रप्रयागWinning candidates meet CM Dhami

रुद्रप्रयाग: विजयी प्रत्याशियों की CM धामी से मुलाकात, पंचायत अध्यक्ष पर चर्चा की सुगबुगाहट

मुख्यमंत्री ने अपने कैंप कार्यालय, मुख्यमंत्री आवास पर रुद्रप्रयाग विधायक भरत सिंह चौधरी के नेतृत्व में बीजेपी जिला पंचायत सदस्यों के साथ कई निर्दलीय जिला पंचायत सदस्यों से मुलाकात कर उन्हें शुभकामनाएं दी...

Neye Jila Panchayat Adhyaksh: Winning candidates meet CM Dhami
Image: Winning candidates meet CM Dhami (Source: Social Media)

रुद्रप्रयाग: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को विधायक भरत सिंह चौधरी के नेतृत्व में आए रुद्रप्रयाग जिले के त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में नवनिर्वाचित जनप्रतिनिधियों से मुलाकात कर नए दायित्व के लिए शुभकामनाएं दीं। ऐसे में कयास लगाए जा रहे हैं कि रुद्रप्रयाग में जिला पंचायत अध्यक्ष बीजेपी का ही बनेगा, इसके लिए कुछ नामों पर भी चर्चा हो रही है।

Winning candidates of Rudraprayag meet CM Dhami

आपको बता दें कि रुद्रप्रयाग जिले की 18 जिला पंचायत सीटों में से 5 पर बीजेपी और 3 पर कांग्रेस के उम्मीदवारों ने जीत हासिल की है। आज रविवार को मुख्यमंत्री पुष्कर धामी ने अपने कैंप कार्यालय, मुख्यमंत्री आवास पर रुद्रप्रयाग विधायक भरत सिंह चौधरी के नेतृत्व में बीजेपी जिला पंचायत सदस्यों के साथ कई निर्दलीय जिला पंचायत सदस्यों से मुलाकात की। इसके बाद ये कयास लगाए जा रहे हैं कि एक बार फिर से रुद्रप्रयाग जिले में बीजेपी का जिला अध्यक्ष बन सकता है। जिला अध्यक्ष पद के लोग कुछ नामों पर चर्चा भी की जा रही है।

इन नामों पर हो रही है सुगबुगाहट

जिनमें कंडाली जिला पंचायत सीट से बीजेपी द्वारा अधिकृत प्रत्याशी के रूप में चुनाव जीतने वाली निर्मला देवी बहुगुणा का नाम प्रमुखता से लिया जा रहा है। निर्मला देवी को एक स्वच्छ और ईमानदार प्रत्याशी के रूप में जाना जाता है। जिला पंचायत सदस्य का चुनाव जीतने से पहले, निर्मला देवी ने साल 2008 में निर्विरोध और साल 2019 में चुनाव जीतकर एकतरफा तरीके से क्षेत्र पंचायत सदस्य के रूप में कार्य किया है। इस बार भी उन्होंने बंपर वोटों से जीत हासिल कर जिला पंचायत के सदन में प्रवेश किया है। इनके अलावा, रुद्रप्रयाग जिला पंचायत के निवर्तमान उपाध्यक्ष सुमंत तिवारी भी अध्यक्ष बन सकते हैं। हालांकि सुमंत तिवारी बीजेपी के अधिकृत प्रत्याशी होने के बावजूद ल्वारा सीट से जिला पंचायत का चुनाव हार गए हैं। फिर भी लोग उनके नाम के कयास लगा रहे हैं। वैसे सतेराखाल, रुद्रप्रयाग से युवा और उभरते हुए बीजेपी नेता गंभीर सिंह बिष्ट भी बेहतरीन विकल्प हो सकते हैं, क्षेत्र के साथ ही वरिष्ठ नेताओं के बीच भी अच्छी छवि के कारण गंभीर सिंह बिष्ट के नाम की भी काफी चर्चाएँ है।

कांग्रेस में भी बैठकों का सिलसिला जारी

रुद्रप्रयाग जिले में निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में जिला पंचायत का चुनाव जीतने वाले 4 से 5 प्रत्याशियों ने मुख्यमंत्री से मुलाकात की है। बीजेपी के पास पहले से ही 5 सदस्य मौजूद थे, यदि ये सदस्य भी बीजेपी में शामिल होते हैं, तो बीजेपी का अध्यक्ष बनना निश्चित है। वहीं दूसरी ओर, कांग्रेस पार्टी भी रुद्रप्रयाग जिला अध्यक्ष बनाने का पूरा प्रयास कर रही है, कांग्रेस में भी बैठकों का सिलसिला जारी है। इस पंचायत चुनाव में कांग्रेस से 3 प्रत्याशी चुनाव जीतकर आए हैं और निर्दलीय में भी कई ऐसे भी प्रत्याशी हैं जो कांग्रेस की पृष्ठभूमि से हैं। लेकिन निर्दलीय प्रत्याशी यदि बीजेपी के खेमे में शामिल हुए तो कांग्रेस का अध्यक्ष बनना मुश्किल हो सकता है। हालांकि, इसकी पुष्टि अभी बाकी है, लेकिन जिलाध्यक्ष बनने को लेकर कई प्रकार की कयासबाजी चल रही हैं।