नैनीताल: उत्तराखंड में आज बृहस्पतिवार को सुबह 10 बजे से जिला पंचायत अध्यक्ष और ब्लॉक प्रमुख चुनाव के लिए मतदान शुरू हुआ है। प्रदेश के 5 जिलों में जिला पंचायत अध्यक्ष निर्विरोध चुने जा चुके हैं। इसी बीच नैनीताल में जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव को लेकर हंगामा हो गया है।
Chaos in Nainital over district panchayat president election
नैनीताल में जिला पंचायत अध्यक्ष चुनाव को लेकर माहौल तनावपूर्ण हो गया है। कांग्रेस के जिला अध्यक्ष राहुल छिमवाल ने आरोप लगाया है कि कुछ अज्ञात लोगों ने उनके पार्टी से जुड़े जिला पंचायत सदस्यों का अपहरण कर लिया है। इस घटना के विरोध में कांग्रेस कार्यकर्ता न्याय की मांग करते हुए सीधे हाईकोर्ट पहुंचे हैं। नेता प्रतिपक्ष ने सोशल मीडिया पर इस पूरे मामले का एक वीडियो भी साझा किया है, जो तेजी से वायरल हो रहा है।
सदस्यों का जबरन अपरहण
जानकारी के अनुसार, आज बृहस्पतिवार को नैनीताल में जिला पंचायत अध्यक्ष के चुनाव के लिए मतदान करने जा रहे कुछ सदस्यों को जिला पंचायत कार्यालय के पास से जबरन ले जाया गया। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि घटना पुलिस की मौजूदगी में हुई, लेकिन इसके बावजूद इस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। इस घटना के बाद कांग्रेस नेता हाईकोर्ट पहुंचे, जिससे नैनीताल में राजनीतिक माहौल गरमा गया है।
बढ़ाई गई मतदान की समय सीमा
नैनीताल हाईकोर्ट ने इस मामले में संज्ञान लेते हुए नैनीताल की जिलाधिकारी (DM) वंदना चौहान और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) पी एन मीणा को तलब किया है। हाईकोर्ट ने इन अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि आज शाम 4:30 बजे तक कांग्रेस द्वारा लापता बताए गए सभी जिला पंचायत सदस्यों को कोर्ट में पेश किया जाए। इसके साथ ही नैनीताल में मतदान की समय सीमा भी बढ़ा दी गई है।
पांच जिलों में निर्विरोध निर्वाचन
आपको बता दें कि उत्तराखंड के छह जिलों देहरादून, पौड़ी, बागेश्वर, नैनीताल, अल्मोड़ा और रुद्रप्रयाग में मतदान जारी है। इन 6 जिलों में मतदान शाम 3 बजे तक चलेगा, जिसके तुरंत बाद मतगणना कर नतीजे घोषित किए जाएंगे। वहीं प्रदेश के पांच जिलों में पहले ही निर्विरोध निर्वाचन हो चुका है। टिहरी से इशिता सजवाण, चंपावत से आनंद सिंह अधिकारी, पिथौरागढ़ से जितेंद्र प्रसाद और उत्तरकाशी से रमेश चौहान पहले ही निर्विरोध जिला पंचायत अध्यक्ष चुने जा चुके हैं। ऊधमसिंह नगर में भी अध्यक्ष निर्विरोध चुने गए थे, लेकिन हाईकोर्ट की रोक के चलते नतीजा घोषित नहीं होगा।