हरिद्वार: केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के हरिद्वार दौरे के दौरान शनिवार को राजनीतिक माहौल गरमा गया। जिला महानगर कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ता उनके कार्यक्रम का विरोध करने के लिए काले झंडे दिखाने जा रहे थे, लेकिन पुलिस ने तुलसी चौक के पास उन्हें रोकते हुए हिरासत में ले लिया। इस दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच हल्की नोकझोंक भी हुई। कांग्रेस नेताओं ने कई राष्ट्रीय और स्थानीय मुद्दों को लेकर सरकार पर सवाल उठाए।
विरोध प्रदर्शन, कांग्रेस कार्यकर्ता हिरासत में
शनिवार को केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के हरिद्वार दौरे के दौरान शहर में राजनीतिक हलचल देखने को मिली। जिला महानगर कांग्रेस कमेटी के कार्यकर्ता काले झंडे दिखाकर विरोध जताने के लिए कार्यक्रम स्थल की ओर बढ़ रहे थे। हालांकि, पुलिस ने उन्हें तुलसी चौक के पास ही रोक लिया और कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया।
इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच कुछ देर तक बहस और धक्का-मुक्की की स्थिति भी बनी रही।
कांग्रेस ने कई मुद्दों पर सरकार को घेरा
विरोध प्रदर्शन के दौरान जिला महानगर कांग्रेस अध्यक्ष अमन गर्ग और स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी प्रकोष्ठ के अध्यक्ष मुरली मनोहर ने सरकार पर कई सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार को देश की संप्रभुता, विदेश नीति और विभिन्न राष्ट्रीय मुद्दों पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए। साथ ही अंकिता भंडारी हत्याकांड में कथित वीआईपी की गिरफ्तारी को लेकर भी सवाल उठाए गए।
हरिद्वार में नशे के कारोबार पर सवाल
कांग्रेस नेताओं ने यह आरोप भी लगाया कि हरिद्वार में नशे की अवैध तस्करी बढ़ रही है और युवाओं को इससे नुकसान हो रहा है। नेताओं का कहना है कि सरकार को इस मुद्दे पर सख्त कार्रवाई करनी चाहिए।
संतों के सम्मान का भी उठा मुद्दा
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने संतों के सम्मान से जुड़े मुद्दों को भी उठाया। वरिष्ठ नेता महेश प्रताप राणा और महानगर कांग्रेस महासचिव राजीव भार्गव ने आरोप लगाया कि गृहमंत्री की रैली के लिए सरकारी तंत्र का उपयोग किया गया और कई कर्मचारियों को कार्यक्रम में शामिल होने के लिए दबाव डाला गया।
भीड़ जुटाने को लेकर भी आरोप
कांग्रेस पार्षद हिमांशु गुप्ता और सोहित सेठी ने आरोप लगाया कि रैली में भीड़ जुटाने के लिए आंगनबाड़ी और आशा कार्यकर्ताओं की मदद ली गई। वहीं युवा कांग्रेस नेताओं ने भी सरकार पर निशाना साधते हुए विभिन्न राजनीतिक मुद्दों की जांच की मांग की।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के हरिद्वार दौरे ने प्रदेश की राजनीति में हलचल पैदा कर दी है। जहां भाजपा इसे विकास से जुड़ा कार्यक्रम बता रही है, वहीं कांग्रेस ने कई मुद्दों को लेकर विरोध दर्ज कराया है। आने वाले समय में इस मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी और तेज होने की संभावना है।