हल्द्वानी: उत्तराखंड के हल्द्वानी शहर में एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने लोगों को हैरानी में डाल दिया है। महिलाओं के अंडरगारमेंट्स चोरी करने के आरोप में पुलिस ने एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी मानसिक तनाव से परेशान था और कथित रूप से इस तरह की हरकतों से उसे खुशी और संतुष्टि का अनुभव होता था।
Foreign-Educated Man Arrested for Stealing Women's Undergarments in Haldwani
जानकारी के अनुसार, नवाबी रोड स्थित महेश नगर क्षेत्र की एक महिला ने कोतवाली हल्द्वानी में शिकायत दर्ज कराई थी। महिला ने बताया कि 19 जून की रात करीब 3:23 बजे एक अज्ञात व्यक्ति उनके घर की दीवार फांदकर परिसर में घुस आया। आरोपी घर के बाहर सूख रहे महिलाओं के अंडरगारमेंट्स और एक सलवार चोरी कर फरार हो गया। पूरी घटना घर में लगे सीसीटीवी कैमरे में रिकॉर्ड हो गई, जिसका वीडियो बाद में सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया।
वायरल वीडियो से पुलिस को मिला सुराग
घटना का वीडियो सामने आने के बाद पुलिस हरकत में आई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) डॉ. मंजूनाथ टीसी ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर आरोपी की गिरफ्तारी के निर्देश दिए। कोतवाल विजय मेहता के निर्देशन में हीरानगर चौकी प्रभारी संजीत राठौर की टीम ने जांच शुरू की। सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने आरोपी की पहचान कर उसे पंचायत घर रोड क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ में आरोपी ने किया चौंकाने वाला खुलासा
गिरफ्तारी के बाद आरोपी ने अपना नाम निकेत सिंह बिष्ट निवासी समीर विहार, कुसुमखेड़ा बताया। पुलिस पूछताछ में उसने बताया कि वह विदेश में पढ़ाई कर चुका है और कोरोना महामारी के दौरान हल्द्वानी वापस लौटा था। युवक ने दावा किया कि वह मानसिक तनाव से गुजर रहा था। उसने यह भी बताया कि एक मित्र की सलाह पर उसने महिलाओं के अंडरगारमेंट्स चोरी करना शुरू किया क्योंकि ऐसा करने से उसे तनाव से राहत और खुशी महसूस होती थी।
क्लेप्टोमेनिया जैसी मानसिक समस्या की आशंका
कोतवाल विजय मेहता के अनुसार आरोपी की मानसिक स्थिति सामान्य प्रतीत नहीं हो रही है। प्रारंभिक तौर पर यह मामला क्लेप्टोमेनिया जैसी मनोवैज्ञानिक समस्या से जुड़ा हो सकता है। क्लेप्टोमेनिया एक ऐसी मानसिक अवस्था मानी जाती है जिसमें व्यक्ति बिना किसी आर्थिक लाभ के वस्तुएं चुराने की तीव्र इच्छा महसूस करता है और चोरी करने के बाद उसे अस्थायी संतुष्टि मिलती है। हालांकि, आरोपी की वास्तविक मानसिक स्थिति का आकलन विशेषज्ञों द्वारा ही किया जा सकता है।
महिलाओं की गरिमा से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी ने स्पष्ट कहा कि महिलाओं की गरिमा और सुरक्षा से जुड़े मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरती जाएगी। उन्होंने कहा कि महिलाओं को असहज महसूस कराने या उनकी गरिमा को ठेस पहुंचाने वाली गतिविधियों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी, चाहे आरोपी की पृष्ठभूमि कुछ भी हो।