रुद्रपुर: उत्तराखंड के रुद्रपुर गैंगरेप मामले में मंगलवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया। गैंगरेप के दो आरोपियों ने पुलिस हिरासत से भागने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने पीछा कर दोनों को दोबारा गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान मौके पर मौजूद गुस्साई भीड़ ने भी आरोपियों की पिटाई कर दी। बाद में अतिरिक्त पुलिस बल ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए दोनों आरोपियों को सुरक्षित कोतवाली पहुंचाया।
Rudrapur Gang Rape Accused Try to Escape Police Custody
पुलिस के अनुसार, जांच के तहत आरोपियों को घटना स्थल पर क्राइम सीन रीक्रिएशन के लिए ले जाया गया था। वहाँ से लौटते समय पुलिस वाहन भारी ट्रैफिक में फंस गया। एसएसपी अजय गणपति ने बताया कि इसी दौरान पुलिस वाहन अचानक खराब हो गया। पुलिस दूसरे वाहन की व्यवस्था कर रही थी, तभी दो आरोपियों ने मौके का फायदा उठाकर हिरासत से भागने का प्रयास किया। पुलिसकर्मियों ने तुरंत उनका पीछा किया और कुछ ही दूरी पर दोनों को पकड़ लिया।
गुस्साई भीड़ ने की आरोपियों की पिटाई
आरोपियों के भागने की खबर फैलते ही आसपास बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए। भीड़ ने आरोपियों को घेर लिया और उनकी पिटाई कर दी। शुरुआत में पुलिस ने लोगों को समझाकर हटाने की कोशिश की, लेकिन भीड़ बढ़ने पर अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर भीड़ को हटाया और आरोपियों को सुरक्षित पुलिस वाहन में बैठाकर कोतवाली पहुंचाया।
दोनों आरोपी न्यायिक हिरासत में भेजे गए
एसएसपी अजय गणपति ने बताया कि दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। उन्होंने कहा कि मामले में कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी और हिरासत से भागने के प्रयास की भी अलग से जांच की जा रही है।
क्या है पूरा गैंगरेप मामला?
25 जुलाई की रात सिडकुल क्षेत्र में कार्यरत एक युवती ने आरोप लगाया था कि तीन युवकों ने उसका अपहरण कर सामूहिक दुष्कर्म किया। शिकायत के अनुसार, युवती अपनी एक सहेली और दो पुरुष मित्रों के साथ भूरारानी रोड गई थी। इसी दौरान बाइक सवार तीन आरोपियों ने उन्हें रोक लिया और जबरन अपने साथ ले गए। पुलिस के मुताबिक, रास्ते में एक युवती और एक युवक चलती बाइक से कूदकर भागने में सफल रहे। बाद में दूसरे युवक को भी छोड़ दिया गया, जबकि पीड़िता को आरोपी अपने साथ ले गए। युवती का आरोप है कि आरोपियों ने उसे दूसरी जगह ले जाकर पूरी रात बंधक बनाकर सामूहिक दुष्कर्म किया और अगली सुबह मेट्रोपोलिस अंडरपास के पास छोड़कर फरार हो गए।
पुलिस मुठभेड़ में पकड़े गए आरोपी
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस ने एसओजी, सर्विलांस और फॉरेंसिक टीम की मदद से जांच शुरू की। 28 जुलाई की सुबह कर्तारपुर गांव के पास आरोपियों की घेराबंदी की गई। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके जवाब में हुई कार्रवाई में गुरबाज के पैर में गोली लगी। उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जबकि अन्य दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपी पर पहले से 17 आपराधिक मामले
एसएसपी अजय गणपति ने बताया कि मुख्य आरोपी गुरबाज के खिलाफ पहले से 17 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। मामले में फॉरेंसिक साक्ष्य जुटाए जा चुके हैं, पीड़िता का मेडिकल परीक्षण और काउंसलिंग कराई गई है तथा पूरे मामले की जांच जारी है।