उत्तराखंड अल्मोड़ाWoman Creates Uproar at Almora SDM Court

उत्तराखंड: पहली पत्नी और बच्चों के पास लौटा प्रेमी, महिला ने SDM कोर्ट में किया हाईवोल्टेज ड्रामा

अल्मोड़ा में प्रेमी के पहली पत्नी और बच्चों के पास लौटने से नाराज महिला ने एसडीएम कोर्ट में हंगामा किया। आत्महत्या की धमकी के बाद महिला को वन स्टॉप सेंटर भेजा गया और युवक को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया।

Almora News: Woman Creates Uproar at Almora SDM Court
Image: Woman Creates Uproar at Almora SDM Court (Source: Social Media)

अल्मोड़ा: उत्तराखंड के अल्मोड़ा में प्रेम संबंध से जुड़ा मामला मंगलवार को कलेक्ट्रेट स्थित एसडीएम कोर्ट तक पहुंच गया। प्रेमी के अपनी पहली पत्नी और बच्चों के पास लौटने से नाराज एक महिला ने एसडीएम कोर्ट में जमकर हंगामा किया और आत्महत्या करने की धमकी दी। इससे कलेक्ट्रेट परिसर में लोगों की भीड़ जमा हो गई। प्रशासन और पुलिस के हस्तक्षेप के बाद महिला को वन स्टॉप सेंटर भेज दिया गया, जबकि युवक को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया।

Woman Creates Uproar at Almora SDM Court

पुलिस के अनुसार, महिला का पहले से एक बच्चा है, जबकि युवक के दो बच्चे हैं। बताया गया कि दोनों अपने-अपने जीवनसाथी से अलग होकर साथ रहने लगे थे और गुरुग्राम में रह रहे थे। कुछ दिन पहले युवक अल्मोड़ा के लमगड़ा क्षेत्र स्थित अपने गांव लौट आया और पहली पत्नी व बच्चों के साथ रहने लगा। इससे नाराज महिला ने मंगलवार सुबह एसएसबी कार्यालय के पास एक पेड़ पर चढ़कर आत्महत्या करने की चेतावनी दी। सूचना मिलने पर महिला पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचीं और महिला को सुरक्षित पेड़ से नीचे उतारा। इसके बाद दोनों की काउंसलिंग भी की गई।

दोपहर में एसडीएम कोर्ट पहुंचकर किया हंगामा

पुलिस के अनुसार, सुबह की घटना के बाद महिला दोपहर में फिर कलेक्ट्रेट पहुंच गई। यहां एसडीएम कोर्ट में हंगामा करते हुए उसने आत्महत्या करने की धमकी दी। घटना के कारण परिसर में लोगों की भीड़ जुट गई। स्थिति को देखते हुए एसडीएम ने हस्तक्षेप किया। इसके बाद पुलिस महिला को हिरासत में लेकर वन स्टॉप सेंटर ले गई।

युवक गिरफ्तार, न्यायालय में पेश

प्रभारी महिला थाना जानकी भंडारी ने बताया कि महिला को वन स्टॉप सेंटर भेजा गया है। वहीं, युवक को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। घटना के बाद पुलिस ने मामले में आवश्यक कार्रवाई की। महिला को वन स्टॉप सेंटर भेजे जाने का उद्देश्य उसकी सुरक्षा और आगे की सहायता सुनिश्चित करना है।