बीरोंखाल ब्लॉक में अंगीठी का धुंआ बना जानलेवा, मां और 3 साल की बेटी की मौत (Bironkhal angithi mother and daughter died)
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बीरोंखाल ब्लॉक में अंगीठी का धुंआ बना जानलेवा, मां और 3 साल की बेटी की मौत

अंगीठी का धुंआ आपके लिए जानलेवा साबित हो सकता है। एक बार फिर से इसकी वजह से उत्तरांड में दो मौत हुई हैं।

सबसे पहले हमारी आपसे अपील है कि अगर आप रात में अंगीठी जलाकर बंद कमरे में सोते हैं, तो ये आदत बदल दीजिए। ये बहुत जानलेवा साबित हो सकता है। बीरोंखाल ब्लॉक के देवोली गांव में कुछ ऐसा ही हुआ है। अंगीठी के धुएं से दम घुटा और इस वजह से मां और तीन साल की मासूम की मौत हो गयी। इसके अलावा परिवार के तीन अन्य लोग इस धुंए की वजह से बेहोश हो गए। तीनों का इलाज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बीरोंखाल में चल रहा है। दरअसल रूपा देवी अपने पति और दो बच्चों के साथ मायके आई हुई थी। रात को सभी खाना खाकर सो गए थे। इलाके में बर्फबारी की वजह से काफी ठंड पड़ रही थी। ऐसे में ठंड से बचने के लिए उन्होंने अंगीठी जलाई। ठंड ज्यादा होने की वजह से सभी दरवाजे और खिड़कियां बंद कर दी और सो गए। जिस कमरे में अंगीठी रखी थी, उस कमरे में मां, 3 साल की आरुही, 3 माह की आरुषि और नानी गुड्डी देवी सोई हुई थी। जब सुबह रुपा देवी के भाई ने दरवाजा खोला तो देखा कि बहन रूपा देवी और 3 साल की आरुषि कोई हरकत नहीं कर रहे। आनन फानन में उन्हें 108 की मदद से बीरोंखाल अस्पताल लाया गया। तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने रूपा देवी और आरुही को मृत घोषित कर दिया। 3 माह की आरुषि और गुड्डी देवी को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। मृतकों के शवों का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया गया।

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