उत्तराखंड चमोलीMinor Rape Case in Gopeshwar Accused Arrested

गढ़वाल में इंसानियत शर्मसार! पंद्रह वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म.. दरिंदा गिरफ्तार

चमोली जिले के गोपेश्वर में 15 वर्षीय नाबालिग से दुष्कर्म का मामला सामने आया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया। प्रदेश में बढ़ते अपराधों पर चिंता गहराई।

Minor Rape Case: Minor Rape Case in Gopeshwar Accused Arrested
Image: Minor Rape Case in Gopeshwar Accused Arrested (Source: Social Media)

चमोली: उत्तराखंड में लगातार बढ़ रहे अपराध के मामलों ने कानून-व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हत्या, दुष्कर्म और गुंडागर्दी की घटनाएं प्रदेश के विभिन्न हिस्सों से सामने आ रही हैं, जिससे आम जनता में भय का माहौल है। अब चमोली जिले के गोपेश्वर से भी 15 वर्षीय नाबालिग के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आया है।

Minor Rape Case in Gopeshwar Accused Arrested

पुलिस के अनुसार, 24 फरवरी को एक व्यक्ति ने कोतवाली गोपेश्वर में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उन्होंने बताया था कि 23 फरवरी की रात गौरव सेंजवाल (उम्र 23 वर्ष), निवासी कुण्ड कॉलोनी गोपेश्वर, उनकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर ले गया। परिजनों का आरोप है कि आरोपी ने युवती के साथ जबरन शारीरिक संबंध बनाए और घटना के बारे में किसी को बताने पर जान से मारने की धमकी दी।

गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज

तहरीर के आधार पर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 65, 137(2), 315(3) तथा पॉक्सो अधिनियम की धारा 5/6 के तहत मामला दर्ज किया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए Surjeet Singh Panwar (पुलिस अधीक्षक, चमोली) ने प्रभारी निरीक्षक गोपेश्वर को तत्काल गिरफ्तारी के निर्देश दिए।

पुलिस की त्वरित कार्रवाई

प्रभारी निरीक्षक के नेतृत्व में टीम गठित कर आरोपी की तलाश शुरू की गई। पुलिस की तत्परता के चलते आरोपी गौरव सेंजवाल को गिरफ्तार कर लिया गया है। चमोली पुलिस का कहना है कि महिला और बाल अपराधों के मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।

प्रदेश में अपराध पर चिंता

हाल के दिनों में प्रदेश के विभिन्न जिलों से महिलाओं के खिलाफ गंभीर अपराधों की घटनाएं सामने आई हैं। ऐसे मामलों ने कानून-व्यवस्था को लेकर नई बहस छेड़ दी है। प्रशासन का दावा है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी है और महिला सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।