देहरादून: उत्तराखंड में मानसून की सक्रियता के बीच पहाड़ से मैदान तक लगातार बारिश हो रही है। घने बादलों और वर्षा के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ है। देहरादून में तेज बारिश से निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। वहीं, बारिश के कारण नदी-नालों का जलस्तर बढ़ गया है। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और मलबा आने से कई मार्गों पर यातायात प्रभावित हुआ है।
Uttarakhand Weather Update 17 August 2026
मौसम विभाग ने सोमवार को देहरादून और टिहरी के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का Orange Alert जारी किया है। इन जिलों में कहीं-कहीं आकाशीय बिजली चमकने के साथ बारिश के अति तीव्र से अत्यंत तीव्र दौर आने की आशंका जताई गई है। प्रदेश के अन्य जिलों के लिए Yellow Alert जारी किया गया है। यहां भी कहीं-कहीं भारी बारिश के साथ तेज गरज-चमक हो सकती है।
कुमाऊं में भी बारिश से बढ़ी मुश्किलें
कुमाऊं मंडल के ज्यादातर क्षेत्रों में भारी बारिश का दौर जारी है। इसका सबसे ज्यादा असर दूरस्थ और पर्वतीय क्षेत्रों में देखने को मिल रहा है। सीमांत जिले पिथौरागढ़ में शनिवार रात हुई तेज बारिश के बाद कई स्थानों पर मार्ग बाधित हुए और लोगों की परेशानियां बढ़ गईं। लगातार बारिश के कारण पहाड़ों में भूस्खलन की घटनाएं बढ़ गई हैं। टनकपुर-तवाघाट राष्ट्रीय राजमार्ग और कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग पर भूस्खलन के कारण पांच घंटे से अधिक समय तक यातायात बाधित रहा। इसके अलावा अस्कोट-कर्णप्रयाग मोटर मार्ग पर बेरीनाग और थल के बीच मलबा आने से कुछ समय के लिए आवाजाही रुक गई।
थल-मुनस्यारी मार्ग पर आठ घंटे फंसे वाहन
थल-मुनस्यारी मोटर मार्ग पर ला-झेकला के पास डंपर फंसने के कारण सड़क करीब आठ घंटे तक बंद रही। इस दौरान मार्ग के दोनों ओर दर्जनों वाहन फंसे रहे। भारी बारिश और भूस्खलन के कारण पर्वतीय सड़कों पर यात्रा करना लगातार चुनौतीपूर्ण बना हुआ है।
18 से 20 अगस्त तक भी बारिश के आसार
मौसम विभाग के अनुसार, 18 से 20 अगस्त तक भी प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में भारी बारिश और गरज-चमक का दौर जारी रह सकता है। ऐसे में पहाड़ी मार्गों पर भूस्खलन और मलबा आने तथा मैदानी और निचले इलाकों में जलभराव का खतरा बना रहेगा। लगातार बारिश के बीच पर्वतीय क्षेत्रों में यात्रा करने वालों को अतिरिक्त सावधानी बरतने की जरूरत है। भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में अनावश्यक रुकने से बचना चाहिए और स्थानीय प्रशासन की ओर से जारी सड़क एवं मौसम संबंधी अपडेट का पालन करना चाहिए।