उधमसिंह नगर: जनपद ऊधमसिंह नगर में शनिवार को मारपीट के एक मामले को लेकर पुलिस और पूर्व विधायक नारायण पाल के बीच विवाद की स्थिति बन गई। पूर्व विधायक बड़ी संख्या में ग्रामीणों के साथ आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर कोतवाली पहुंचे थे। ग्रामीणों का आरोप था कि शिकायत के बावजूद मामले में अपेक्षित कार्रवाई नहीं की जा रही है। उन्होंने पुलिस अधिकारियों के सामने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए आरोपितों के खिलाफ जल्द कार्रवाई की मांग की।
Former MLA and Kotwal Clash Over Arrest Demand
पूर्व विधायक नारायण पाल ने पुलिस से मारपीट के मामले में आरोपितों को जल्द गिरफ्तार करने की मांग की। वहीं पुलिस अधिकारियों ने बताया कि घायल व्यक्ति का मेडिकल कराया जा चुका है और मामले में कानून के अनुसार कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना था कि उपलब्ध तथ्यों और जांच के आधार पर ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। जल्दबाजी में नियमों से हटकर कोई कदम नहीं उठाया जा सकता।
‘तुम-तुम मत करिए विधायक जी’ पर गरमाया माहौल
इसी दौरान कोतवाल सुंदरम शर्मा भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने पूर्व विधायक और ग्रामीणों को मामले में चल रही कानूनी प्रक्रिया की जानकारी दी। बातचीत के दौरान संबोधन को लेकर माहौल अचानक गरमा गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार पूर्व विधायक ने कोतवाल को ‘तुम’ कहकर संबोधित किया। इस पर कोतवाल सुंदरम शर्मा ने आपत्ति जताते हुए कहा, ‘तुम-तुम मत करिए विधायक जी, थाने का इंस्पेक्टर हूं। जिस तरह से बात कर रहा हूं, उसी तरह बात करिए।’ इसके बाद दोनों के बीच कुछ देर तक तीखी बहस होती रही। कोतवाली परिसर में मौजूद ग्रामीण और पुलिस अधिकारी पूरे घटनाक्रम को देखते रहे।
सीओ की रिपोर्ट के बाद लिया जाएगा फैसला
कोतवाल सुंदरम शर्मा ने बताया कि मामले में वैधानिक प्रक्रिया के तहत जांच चल रही है। उन्होंने कहा कि नए कानून में दिए गए प्रावधानों के अनुसार मामले को देखा जा रहा है। पुलिस का कहना है कि जांच और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर ही आरोपितों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सीओ की रिपोर्ट के बाद लिया जाएगा फैसला
कोतवाल ने पूर्व विधायक को बताया कि संबंधित प्रकरण क्षेत्राधिकारी (CO) के स्तर पर भी विचाराधीन है। मामले की रिपोर्ट मिलने के बाद उसके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस के मुताबिक जांच पूरी होने और रिपोर्ट के आधार पर नियमानुसार निर्णय लिया जाएगा। कुछ देर चली तीखी बहस के बावजूद पूर्व विधायक नारायण पाल और उनके साथ पहुंचे ग्रामीण आरोपितों की गिरफ्तारी की मांग पर कायम रहे। अब मामले में पुलिस की जांच और क्षेत्राधिकारी की रिपोर्ट के बाद आगे क्या कार्रवाई होती है, इस पर सभी की नजर है।